प्रदेश बागड़ा ब्राह्मण अधिकारी कर्मचारी कल्याण समिति, राजस्थान, जयपुर

प्रदेश बागड़ा ब्राह्मण अधिकारी-कर्मचारी

प्रदेश बागड़ा ब्राह्मण अधिकारी कर्मचारी कल्याण समिति, राजस्थान, जयपुर की यह वेबसाइट प्रदेश के सभी बागड़ा ब्राह्मण अधिकारी-कर्मचारीगण को एकता के सूत्र में संगठित कर समाज सेवा के भाव से प्रेरित करने हेतु तैयार की गई है।

अधिकारियों एवं कर्मचारियों के काम-काज को लेकर कई प्रकार के आदेश, परिपत्र व निर्देश समय-समय पर शासन प्रशासन के द्वारा निकाले जाते हैं। प्रत्येक कर्मचारी को काम-काज की गुणवत्ता बढ़ाने की दृष्टि से इन सब आदेशों, परिपत्रों की जानकारी आवश्यक है।

इसके अतिरिक्त समाज की समिति की कार्यकारिणी द्वारा भी समय-समय पर रचनात्मक कार्यों के दृष्टिकोण से विभिन्न गतिविधियां की जाती है। जिनकी जानकारी भी सभी समाज कार्मिकों को होना आवश्यक है।

समिति द्वारा सभी कार्यालयों में समाज के कार्मिकों के मध्य जान-पहचान कायम कर शासकीय कार्यों में एक-दूसरे की मदद हेतु समय-समय पर स्मारिका जारी की जाती रही है।

इन्हीं सब लक्ष्यों को आसान बनाने, एकीकृत रुप में ऑनलाइन रुप से समाज कार्मिकों की सहायता के लिए वेबसाइट का निर्माण किया गया है। जिसमें समय-समय पर आवश्यकता अनुसार एवं सुझाव अनुरूप संशोधन और अपडेशन किया जाता रहेगा।

संस्था के उद्देश्य

  • उत्थान:
    समाज के अधिकारियों एवं कर्मचारियों का नैतिक, बौद्धिक, आर्थिक, सामाजिक एवं सांस्कृतिक विकास करना।
  • सद्भावना का विकास:
    कार्मिकों के बीच भाईचारा, सहयोग, आत्मविश्वास, आत्मनिर्भरता एवं आत्म-सम्मान की भावना को प्रोत्साहित करना।
  • अधिकारों की रक्षा:
    समाज के कार्मिकों के अधिकारों एवं उनके हितों की वैध (कानूनी) तरीकों से रक्षा करना।
  • शिक्षा में सहायता:
    आर्थिक रूप से कमजोर कार्मिकों के बच्चों को आगे बढ़ने में सहायता प्रदान करना तथा शिक्षा के क्षेत्र में आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराना।
  • प्रशिक्षण केंद्र संचालन:
    बच्चों की प्रतियोगी, तकनीकी एवं व्यावसायिक परीक्षाओं की तैयारी हेतु अन्य संस्थाओं के सहयोग से प्रशिक्षण केंद्र स्थापित एवं संचालित करना।
  • आवास (छात्रावास) व्यवस्था:
    समाज के अध्ययनरत बच्चों एवं कार्यरत महिलाओं के लिए छात्रावास (Hostel) का निर्माण एवं संचालन करना।
  • असहाय एवं विकलांग कल्याण:
    समाज के असहाय एवं विकलांग कार्मिकों के लिए कल्याणकारी योजनाएँ बनाकर उनका संचालन एवं क्रियान्वयन करना।
  • सेवानिवृत्त कार्मिक कल्याण:
    सेवानिवृत्त कार्मिकों के लिए वृद्धाश्रम की व्यवस्था करना, उसका संचालन करना तथा उनके लिए मनोरंजन के संसाधन उपलब्ध कराना।
  • मीडिया एवं जनसंपर्क:
    राज्य, भारत तथा विदेशों में पत्रकारों एवं मीडिया के माध्यम से समिति एवं उसके सदस्यों के हित में संबंध स्थापित करना तथा विकास हेतु आवश्यक जानकारी का आदान-प्रदान करना।
  • स्वास्थ्य एवं जनकल्याण शिविर:
    समिति द्वारा विभिन्न क्षेत्रों में निःशुल्क चिकित्सा शिविरों एवं जनकल्याणकारी शिविरों का आयोजन करना।
  • सामाजिक सुधार:
    समाज में व्याप्त कुरीतियों एवं बुराइयों को दूर कर सामाजिक सुधार के कार्य करना।
  • स्नेह मिलन एवं एकता:
    समाज के कार्मिकों में भाईचारा एवं स्नेह स्थापित करने हेतु समय-समय पर स्नेह मिलन समारोह आयोजित करना।
  • प्रकाशन एवं ज्ञान प्रसार:
    समाज के बंधुओं के लिए शैक्षिक, सामाजिक, नैतिक एवं बौद्धिक विकास हेतु पत्र-पत्रिकाओं का प्रकाशन करना।
  • योजना निर्माण एवं संचालन:
    समाज के विकास हेतु विभिन्न योजनाओं का निर्माण एवं संचालन करना।
  • सम्मान एवं सम्मेलन आयोजन:
    सेवानिवृत्त कार्मिकों के सम्मान हेतु प्रत्येक वर्ष सम्मेलन एवं सम्मान समारोह आयोजित करना।

बागड़ा ब्राह्मण समाचार

बागड़ा ब्राह्मण अधिकारी-कर्मचारी कल्याण समिति के अध्यक्ष पद पर मुकेश प्रधान व कोषाध्यक्ष पद रोहित पंचौली हुए नवनिर्वाचित

प्रदेश बागड़ा ब्राह्मण अधिकारी-कर्मचारी कल्याण समिति के अध्यक्ष एवं कोषाध्यक्ष पदों के लिए रविवार को...

सेवा

युवाओं को जीवन में सेवा भाव से जीते हुए सामाजिक विकास करने के लिए प्रेरित करना, यही अभातेयुप का लक्ष्य है। साधु-साध्वी एवं मानवता की सेवा से ही एक नैतिक समाज की संरचना संभव है।

संस्कार

बागड़ा ब्राह्मण के मूल्यों से युवा पीढ़ी में अपनी संस्कृति का बीज बोना एवं उसे सिंचित करना अभातेयुप का लक्ष्य है। सहिष्णुता, बलिदान, सहयोग और निःस्वार्थ भा वना के गुणों को सम्मिलित करते हुए एक स्वस्थ जीवन की संरचना हो व युवा एक बेहतर इंसान बने।

संगठन

एकता ही सबसे बड़ी शक्ति है, इस सोच से ही अभातेयुप को उसका रूप मिला है। युवाओं को संगठित करना अभातेयुप का लक्ष्य है। इस संगठन से संपूर्ण समाज की शक्ति का विस्तार ही अभातेयुप का मूल विषय है।

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